बेटा
नन्ही सी जान को मखमल में लपेटा हुआ है,
अस्पताल चीख रहा है, मुबारक हो बेटा हुआ है।
मुबारक हो बेटा हुआ है।
वो बीमार है मगर चूल्हे के पास बैठी है,
ये रोटी खा कर भी तकिये पर लेटा हुआ है।
मुबारक हो बेटा हुआ है।
वो मेहनतकश थी तो अफसर बन गयी,
ये फरेबी,मक्कार,झूठा नेता हुआ है।
मुबारक हो बेटा हुआ है।
वो पाई-पाई कर बाप का कर्ज़ा चुकाती है,
ये पान,सिगरेट,शराबखाने का उधार समेटा हुआ है।
मुबारक हो बेटा हुआ है।
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