दो भाई। Get link Facebook X Pinterest Email Other Apps - June 07, 2017 तीज-ओ-त्योहार के साबिल का इम्तेहान भी मेरा था, मगर दीवाली भी मेरी थी रमज़ान भी मेरा था। क़ज़ा ने बांट दिए कुदरत के जुफ्त को भी, वरना ये ज़मीं भी मेरी थी आसमान भी मेरा था। मुल्क की आज़... Read more